हमारा संविधान इजाजत देता है कि अपनी बातों को समाज में शांतिपूर्ण तरीके से रखें

हमारा संविधान इजाजत देता है कि अपनी बातों को समाज में शांतिपूर्ण तरीके से रखें

हमारा संविधान इजाजत देता है कि अपनी बातों को समाज में शांतिपूर्ण तरीके से रखें

P9bihar news 


प्रमोद कुमार 
बेगूसराय। राहुल गांधी की भारत जोड़ो न्याय यात्रा बिहार से होकर गुजर गई है। बीते दिनों राहुल गांधी व इनकी पार्टी के कुछ नेताओं पर केस दर्ज किया गया था। ऐसा कर कहीं न कहीं यात्रा को प्रभावित करने का आरोप भी लगाया था। इसपर पत्रकारों ने जन सुराज के सूत्रधार प्रशांत किशोर से सवाल किया। मामले में प्रशांत किशोर ने कहा कि देश में लोकतंत्र है,

मेरी समझ से सारी लोकतांत्रिक मर्यादाओं के अंदर यदि कोई प्रयास कर रहा है।राजनीतिक-सामाजिक संगठन या व्यक्ति प्रयास कर रहा है तो उसको करने की आजादी होनी चाहिए। हम बीते 17 महीनों से बिहार में पदयात्रा कर रहे हैं, तो निश्चित तौर पर परमिशन लेकर चल रहे हैं। यदि सरकार हमें यहां पदयात्रा नहीं करने देगी, तो निश्चित तौर पर हम उसका विरोध भी करेंगे।

अगर, हमको यहां कोई रोकेगा तो विरोध करेंगे, वहीं राहुल गांधी को भी कोई रोकेगा तो विरोध होना चाहिए, गलत है। हम मारपीट नहीं कर रहे हैं, किसी को नुकसान नहीं पहुंचा रहे हैं। वहीं हमारा संविधान हर व्यक्ति, हर समूह को ये इजाजत देता है कि वो अपनी बातों को समाज में रखें। शांतिपूर्ण तरीके से कानून के नियमों का पालन करते हुए हमने यहां कैंप लगाया है

उसका परमिशन लिया है, रास्ते में पैदल चलेंगे तो उसका परमिशन भी लिया हुआ है। हम बिना परमिशन के चलेंगे तब न आप एफआईआर कीजिएगा, लेकिन सरकार अगर परमिशन भी न दे और एफआईआर भी कर दे तो ये लोकतंत्र की मूल भावना के विपरीत है और उसका विरोध होना चाहिए।